Big Breking:-सरोकार..,ग्रामीणों ने पेश की मिशाल,बूँद-बूँद पानी से तरसने से पहले दिखाई एकजुटता,वर्षो से टुटे डेम को जनपहल से बनाने जुटे,जिले के इस पंचायत का मामला..!
जशपुर /फरसाबाहर :-
दशकों से पानी की एक-एक बूंद को तरसने वाले छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में रहने वाले फरसाबाहर क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत कुल्हारबुड़ा ग्राम वासियों
ने आत्मनिर्भर होने की मिसाल पेश की है. एक ऐसे बांध का निर्माण किया जा रहा है, जिसमें ठहरा पानी क्षेत्र के हजारों ग्रामीण और लाखों जंगली जानवरों की न सिर्फ प्यास बुझाएगा बल्कि रबी की फसल की पूरी खेती भी इस पानी से हो सकेगी. वर्षों से क्षेत्र में पानी की समस्या कुछ ऐसी थी कि पूरा गांव पानी क़ो लेकर परेशान था. ग्रामीणों ने पानी के लिए न सिर्फ डैम का सपना देखा बल्कि कड़ी मेहनत कर उसे बनाने जुटे हुए है,
बारिश की पानी भी दल्हामुंडा डेम में रुकेगी
बारिश के बाद यही पानी जहां इन ग्रामीण किसानों के लिए रबी सीजन में सिंचाई के काम आएगा. वहीं, वन्य प्राणियों के साथ-साथ पालतू मवेशियों की भी प्यास बुझाएगा. यही नहीं, अगली बरसात तक पेयजल का संकट भी टल जाएगा. बांध बनाने में फिलहाल आज पूरे ग्रामवासी लगे हुए है, कई फीट तक पानी का भराव रहेगा,
प्रेमकुमार यादव से मिली जानकारी के मुताबिक ग्राम पंचायत कुल्हारबुड़ा सरपंच व बीडीसी सहित ग्रामीण एवं ग्राम के युवा समिति के द्वारा गाँव में पानी की कमी क़ो देखते हुए, जयपाल राम, देवनारायण साय, कमल यादव, गोविन्द यादव, रुपन यादव, राणवीर साय, राजू के अगुवाई में प्रत्येक घर से चंदा कर के स्वयं ग्रामवासी दल्हामुंडा क़ो मेड बनाकर विशाल डेम का निर्माण कर रहे है,
















